Puri duniya ruth jaye mujhse koi fark nahi padta ,lekin aapka ruth Jana mujhe taklif data hai

Puri duniya ruth jaye mujhse koi fark nahi padta ,lekin aapka ruth Jana mujhe taklif data hai


डिप्रेशन क्यो..??
श्रीकृष्ण से कितना कुछ छूटा..!
पहले माँ छुटी, फिर पिता छूटे..
फिर जो नंद- यशोदा मिले वे भी छुटे….. संगी साथी छुटे… राधा भी छुटी….. गोकुल छुटा, फिर मथुरा छुटी …श्रीकृष्ण से जीवनभर कुछ ना कुछ छूटता ही रहा …नही छुटा देवत्व , मुस्कान और सकारात्मकता … सब कुछ छुटने ने पर भी, कैसे खुश रहा जा सकता है… यह श्रीकृष्ण से अच्छा कोई नही सिखा सकता..